Ab Raat
Arijit Singh
- A
- Am
- Bm
- C
- D
- E
- Em
- G
Continues after the ad
Key:
Em Bm चाँद की आँखें भारी सी हैंAm G रात अँधेरी हारी सी हैEm Bm चाँद की आँखें भारी सी हैंAm G रात अँधेरी हारी सी हैAm Bm मान भी जा, ठहर ज़राAm G सवेरा कोई दूर क्या? [Chorus]C Am बस अब रात गुज़रने वाली हैD G अब रात गुज़रने वाली हैC Am अब रात गुज़रने वाली हैD G बस रात गुज़रने वाली है [Verse]Continues after the adE दर्द-दर्द, अँधेराC D A E ज़ख़्म सी चाँदनी धुल जाएगी धूप मेंE सर्द हाथों का घेराC D A E शहर की बेरुखी खो जाएगी गूँज मेंC परिंदों की अज़ानेAm D Bm गुनगुनाती राह भी कहती है आँखें चूम के [Chorus]C Am बस अब रात गुज़रने वाली हैD G अब रात गुज़रने वाली हैC Am अब रात गुज़रने वाली हैD G बस रात गुज़रने वाली है [Bridge]D Am मेरी सुनो तो आँखें मूँदोG D खुद में ही ढूँढो नया एक नज़रियाA Em ख़ौफ़ में तुमने छुपा रखा हैG Bm अपने भीतर नूर का दरियाC Am बहने दो उसे वो धो देगाD G दीवार जो मन की काली है [Chorus]C Am अब रात गुज़रने वाली हैD G अब रात गुज़रने वाली हैC Am अब रात गुज़रने वाली हैD G बस रात गुज़रने वाली है