Hazar Rahein
Kishore Kumar
- Abm4
- B
- E
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Key:
B हज़ार राहें मुड़ के देखी,E B कहीं से कोई सदा ना आईB बड़ी वफ़ा से निभाई तुमने,E B हमारी थोड़ी सी बेवफ़ाई....B Abm E जहाँ से तुम मोड़ मुड़ गये थे,E B ये मोड़ अब भी वही पड़े हैं..B Abm E हम अपने पैरों में जाने कितनेE B भंवर लपेटे हुये खड़े हैं....B बड़ी वफ़ा से निभाई तुमने,E B हमारी थोड़ी सी बेवफ़ाई....Continues after the adB Abm E कहीं किसी रोज यूँ भी होता,E B हमारी हालत तुम्हारी होती..B Abm E जो रात हम ने गुज़ारी मर के....×2E B वो रात तुम ने गुज़ारी होती...B बड़ी वफ़ा से निभाई तुमने,E B हमारी थोड़ी सी बेवफ़ाई....B Abm E तुम्हें ये ज़िद थी के हम बुलाते,E B हमें ये उम्मीद वो पुकारे..B Abm E है नाम होठों पे अब भी लेकिन...×2E B आवाज़ में पड़ गई दरारें....B बड़ी वफ़ा से निभाई तुमने,E B हमारी थोड़ी सी बेवफ़ाई....B हज़ार राहें मुड़ के देखी,E B कहीं से कोई सदा ना आईB बड़ी वफ़ा से निभाई तुमने,E B हमारी थोड़ी सी बेवफ़ाई....E B हमारी थोड़ी सी बेवफ़ाई....E B हमारी थोड़ी सी बेवफ़ाई....